गोड्डा। केंद्रीय समिति, झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के निर्देश पर बुधवार को गोड्डा के कारगिल चौक पर पार्टी कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पुतला दहन कर केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी NEET-UG 2026 परीक्षा में कथित अनियमितताओं, CBSE परीक्षा की मार्किंग में कथित धांधली, शिक्षा व्यवस्था में सुधार तथा केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे थे।
प्रदर्शन के दौरान झामुमो कार्यकर्ताओं ने ढोल-नगाड़ों और पार्टी के झंडों के साथ केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। कार्यकर्ताओं ने “बीजेपी मुर्दाबाद”, “धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दो”, “अमित शाह होश में आओ”, “झारखंड मुक्ति मोर्चा जिंदाबाद”, “हेमंत सोरेन जिंदाबाद” और “कल्पना मुर्मू सोरेन जिंदाबाद” जैसे नारे लगाए।
जिला अध्यक्ष प्रो. प्रेम नंदन कुमार ने कहा कि दिल्ली के जंतर-मंतर समेत देशभर में शिक्षा व्यवस्था के मुद्दों पर आंदोलन कर रहे छात्रों के साथ कथित तौर पर पुलिस द्वारा बल प्रयोग किया गया, जिसे झामुमो लोकतांत्रिक अधिकारों का दमन मानता है। उन्होंने आरोप लगाया कि आंदोलनकारी छात्रों और छात्राओं के साथ अमानवीय व्यवहार किया गया, जिसकी पार्टी कड़ी निंदा करती है।
उन्होंने कहा कि NEET-UG 2026, CBSE परीक्षा की कथित गड़बड़ियों और देश की बदहाल शिक्षा व्यवस्था की नैतिक जिम्मेदारी केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को लेनी चाहिए और उन्हें तत्काल इस्तीफा देना चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि जब तक शिक्षा मंत्री इस्तीफा नहीं देते, तब तक झामुमो छात्रों के समर्थन में अपना आंदोलन जारी रखेगा।
पुतला दहन कार्यक्रम का नेतृत्व जिला अध्यक्ष प्रो. प्रेम नंदन कुमार ने किया। कार्यक्रम में जिला सचिव वासुदेव सोरेन, केंद्रीय समिति सदस्य पुष्पेंद्र टुडू, सिमोन मालतो, श्रवण मंडल, मृत्युंजय सिंह, श्याम हेंब्रम, विनोद मुर्मू, ताला बाबू हांसदा, यूसुफ अंसारी, अवध किशोर हांसदा, लंबोदर महतो, मु. अजीमुद्दीन, शत्रुघ्न सिंह, सुनील मरांडी, पूनम देवी, मो. अरमगान, बालमुकुंद महतो, राजेश हांसदा, शंकर मंडल सहित बड़ी संख्या में झामुमो कार्यकर्ता मौजूद रहे।
(नोट: इस खबर में छात्रों पर बल प्रयोग और अन्य आरोप झामुमो नेताओं द्वारा लगाए गए आरोपों के आधार पर प्रस्तुत किए गए हैं। इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।)
