गोड्डा: नशे की गिरफ्त में युवा, बस स्टैंड बना नशे के कारोबार का अड्डा!
गोड्डा: नशे की गिरफ्त में युवा, बस स्टैंड बना नशे के कारोबार का अड्डा!
गोड्डा, झारखंड।
गोड्डा, जो कभी अपनी स्वच्छता और शांतिपूर्ण माहौल के लिए जाना जाता था, अब नशे के गहरे दलदल में धंसता जा रहा है। जिले के युवा नशे की लत के शिकार होते जा रहे हैं, और प्रशासन की सतर्कता के बावजूद यह अवैध कारोबार लगातार जारी है।
बस स्टैंड बना नशे का गढ़
गोड्डा बस स्टैंड, जो यात्रियों के आवागमन और व्यापार के लिए महत्वपूर्ण केंद्र है, अब ब्राउन शुगर और Corex जैसी मादक पदार्थों का अड्डा बन चुका है। स्थानीय लोगों के अनुसार, शाम ढलते ही यहां नशे का अवैध कारोबार शुरू हो जाता है। इस गोरखधंधे में संलिप्त लोग खुलेआम नशीले पदार्थों की खरीद-फरोख्त करते हैं, लेकिन इस पूरे कारोबार में कुछ प्रभावशाली लोगों का संरक्षण प्राप्त होने के कारण यह धंधा फल-फूल रहा है।
पुलिस की कार्रवाई के बावजूद नशे का धंधा जारी
पुलिस-प्रशासन समय-समय पर छापेमारी कर नशे के सौदागरों पर कार्रवाई करता रहता है, लेकिन राजनीतिक संरक्षण प्राप्त कुछ लोगों की वजह से यह अवैध कारोबार पूरी तरह से खत्म नहीं हो पा रहा है। हाल ही में टाइगर मोबाइल पुलिस के जवान नदीम खान ने जब इस गोरखधंधे पर शिकंजा कसने की कोशिश की, तो नशेड़ियों ने उल्टा उनके ही खिलाफ थाना प्रभारी को शिकायत दर्ज करवा ने पर उतारू हो गए। यह घटना दर्शाती है कि अपराधियों के हौसले कितने बुलंद हो चुके हैं।
प्रशासन सक्रिय, लेकिन प्रभावशाली लोगों संरक्षण बना बाधा
गोड्डा के युवा धीरे-धीरे नशे की लत में फंसते जा रहे हैं। उनके परिवारों की उम्मीदें टूट रही हैं, लेकिन पुलिस-प्रशासन लगातार कार्रवाई कर इस अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने की कोशिश कर रहा है। हालांकि, कुछ प्रभावशाली लोगों का समर्थन मिलने के कारण नशे का यह धंधा पूरी तरह समाप्त नहीं हो सका है।
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गोड्डा की जनता अब जवाब चाहती है – आखिर यह खेल कब तक चलेगा? क्या प्रशासन को प्रभाव शाली लोगो के दबाव से मुक्त कर इस अवैध कारोबार पर पूरी तरह से रोक लगाई जाएगी?
रिपोर्ट: अमान खान