ठाकुरगंगटी बैंक में खुलेआम उड़ायी जा रही है सोशल डिस्टेंसिंग की धज्जियां
ठाकुरगंगटी बैंक में खुलेआम उड़ायी जा रही है सोशल डिस्टेंसिंग की धज्जियां
फोटो
विजय कुमार की रिपोर्ट
मेहरमा संवाददाता। कोरोना वायरस (कोविड-19) के संक्रमण से बचाव हेतु घोषित किए गए लॉकडाउन में बैंकों को निर्धारित मापदंड के तहत खोलने की छूट दी गई है। इसमें मुख्य रूप से सोशल डिस्टेंसिंग का पालन किए जाने के निर्देश दिए गए हैं। लेकिन ठाकुरगंगटी प्रखंड मुख्यालय के हरि देवी रेफरल अस्पताल के सामने संचालित स्टेट बैक ऑफ इंडिया की शाखा में सोशल डिस्टेंसिंग की खुलेआम धज्जियां उड़ रही हैं। यहां बड़ी संख्या में उपभोक्ताओं की भीड़ जुट रही है। प्रतिदिन बैंकों में उपभोक्ताओं की काफी भीड़ रहती है । किंतु बैंक प्रबंधक द्वारा सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं कराया जा रहा। ऐसे में सवालिया निशान उठता है कि कोरोना से मुक्ति कैसे मिलेगी।इस लापरवाही का बड़ा खामियाजा भुगतना पड़ सकता है। जब कुछ उपभोक्ताओं से सवाल किए गए कि आप सोशल डिस्टेंसिंग का पालन क्यों नहीं कर रहे हैं तो उपभोक्ताओं के द्वारा बताया गया कि हम लोग आते हैं लाइन में खड़े होते हैं किंतु बैंक में काफी लापरवाही पूर्वक काम किया जाता है।जो लाइन में लगता है उसका कार्य नहीं किया जाता है ।यदि कोई सामने आता है और कागज दे दिया जाता है तो उसका काम जल्दी किया जाता है। कुछ उपभोक्ताओं के द्वारा बताया गया कि हमारे खाते में पैसे हैं, खाता बंद है किंतु बैंक प्रबंधक द्वारा हमारे खाते को चालू नहीं किया जा रहा है। कहा जाता है कि लॉकडाउन खत्म होने के बाद ही खाते को चालू किया जाएगा।ऐसे में हम गरीब अपने खाते में पैसे रखकर अपना जीवन यापन कैसे करेंगे। क्षेत्रीय उपभोक्ताओं ने इस संबंध में जिम्मेदार अधिकारियों का ध्यान आकृष्ट कराया है।